मोदी सरकार का बड़ा निर्देश! बैंकों को मिला “लॉकडाउन जैसा” आदेश, अब ये काम करने से बचना होगा

बैंक अधिकारीयों की वर्चुअल मीटिंग और खर्च में कटौती के निर्देशों को दर्शाती इन्फोग्राफिक इमेज|

मोदी सरकार का बड़ा निर्देश!

देश में बढ़ती बचत और खर्चों पर नियंत्रण को लेकर केंद्र सरकार ने सरकारी बैंकों और वित्तीय संस्थानों को नया निर्देश जारी किया हैं| इस आदेश को कई लोग “लॉकडाउन जैसे नियम” कह रहे हैं, क्योंकि इसमें खर्च कम करने और कामकाज के तरीके बदलने पर जोर दिया गया हैं| हालांकि यह आम जनता के लिए लॉकडाउन नहीं हैं, लेकिन सरकारी बैंकों और बीमा कंपनियों के कर्मचारियों के लिए कई नई सावधानियाँ लागू की गई हैं|

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वित्त मंत्रालय की तरफ से जारी निर्देशों में सरकारी बैंकों, बीमा कंपनियों और वित्तीय संस्थानों को फिजूल खर्च कम करने, ऑनलाइन मीटिंग बढ़ाने और पेट्रोल-डीजल वाहनों के इस्तेमाल को सीमित करने के लिए कहा गया हैं| रिपोर्ट्स के अनुसार, सरकार चाहती हैं कि सरकारी संस्थान अब ज्यादा डिजिटल और कम खर्च वाले मॉडल पर काम करें|

क्या हैं सरकार का नया आदेश?

सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और बीमा कंपनियों को कहा हैं कि वे अपने खर्चो में कटौती करें| इसके तहत कई अहम बातें शामिल हैं-

  • अनावश्यक यात्रा से बचना होगा|
  • ज्यादा से ज्यादा मीटिंग ऑनलाइन करनी होगी|
  • पेट्रोल और डीजल वाहनों की जगह इलेक्ट्रिक गाड़ियों को बढ़ावा देना होगा|
  • ऑफिस खर्चो में कटौती करनी होगी|
  • ऊर्जा और ईंधन की बचत पर ध्यान देना होगा|

सरकार का मानना हैं कि इससे करोड़ो रूपये की बचत होगी और पर्यावरण को भी फायदा मिलेगा|

“लॉकडाउन जैसा आदेश” क्यों कहा जा रहा?

सोशल मीडिया पर इस खबर को “लॉकडाउन जैसा आदेश” बताया जा रहा हैं क्योंकि इसमें यात्रा सीमित करने और ऑनलाइन काम बढ़ाने जैसी बातें शामिल हैं| कोरोना लॉकडाउन के समय भी ज्यादातर मीटिंग ऑनलाइन होती थीं और यात्रा पर रोक जैसी स्थिति थी|

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हालांकि सरकार ने साफ़ तौर पर कोई लॉकडाउन घोषित नहीं किया हैं| यह सिर्फ सरकारी बैंकों और वित्तीय संस्थानों के लिए खर्च कम करने संबंधी प्रशासनिक निर्देश हैं| आम लोगों की बैंकिंग सेवाओं पर इसका सीधा असर नहीं पड़ेगा|

किन संस्थानों पर लागू होगा नियम?

यह निर्देश कई बड़े सरकारी संस्थानों पर लागू हो सकता हैं, जिसमे शामिल हैं-

  • State Bank of India.
  • Bank of Baroda.
  • Life Insurance Corporation of India.

इनके अलावा अन्य सरकारी बैंक और वित्तीय संस्थान भी इस दायरे में आ सकते हैं|

कर्मचारियों को क्या बदलाव देखने मिल सकते हैं?

सरकारी बैंकों के कर्मचारियों को अब कई नए बदलावों का सामना करना पड़ सकता हैं| उदहारण के तौर पर-

1. कम ऑफिस ट्रैवल

ज़रूरी काम होने पर ही यात्रा की अनुमति मिल सकती हैं| कई मीटिंग अब विडियो कांफ्रेंसिग के जरिए होंगी|

2. ऑनलाइन सिस्टम पर ज्यादा जोर

डिजिटल बैंकिंग और ऑनलाइन फाइल वर्क को प्राथमिकता दी जाएगी|

3. इलेक्ट्रिक गाड़ियों का उपयोग

सरकारी संस्थानों को धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने के लिए कहा गया हैं|

4. खर्चो की निगरानी

ऑफिस खर्च, बिजली खर्च और अन्य प्रशासनिक खर्चो पर नजर रखी जाएगी|

आम लोगो पर क्या असर पड़ेगा?

फिलहाल आम ग्राहकों के लिए बैंकिंग सेवाएं पहले की तरह जारी रहेंगी| लोग सामान्य तरीके से-

  • पैसे जमा कर सकेंगे|
  • एटीएम इस्तेमाल कर सकेंगे|
  • ऑनलाइन ट्रांजैक्शन कर सकेंगे|
  • बैंक शाखाओं में जा सकेंगे|

सरकार की तरफ से ऐसा कोई आदेश नहीं आया हैं जिसमे आम लोगों की बैंकिंग सेवाओं पर रोक लगाने की बात कही गई हो|

डिजिटल बैंकिंग को मिलेगा बढ़ावा:-

सरकार पिछले कुछ वर्षो से डिजिटल इंडिया अभियान पर जोर दे रही हैं| यूपीआई, नेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग के बढ़ते उपयोग को देखते हुए अब सरकारी बैंक भी डिजिटल मॉडल को तेजी से अपनाने की तैयारी में हैं|

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विशेषज्ञों का मानना हैं कि आने वाले समय में बैंक शाखाओं की तुलना में ऑनलाइन सेवाओं पर ज्यादा फोकस किया जाएगा| इससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी|

सोशल मीडिया पर फ़ैल रही अफवाहों से सावधान:-

कई सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया जा रहा हैं कि “बैंक बंद होने वाले हैं” या “सरकार नया लॉकडाउन लगाने जा रही हैं”, लेकिन अभी तक ऐसी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई हैं|

सरकार का यह आदेश सिर्फ खर्च कम करने और प्रशासनिक सुधारों से जुड़ा हुआ हैं| इसलिए लोगों को अफवाहों से बचना चाहिए और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करना चाहिए|

सरकार का मुख्य उद्देश्य क्या हैं?

सरकार का मुख्य उद्देश्य-

  • सरकारी खर्च कम करना|
  • ईंधन की बचत करना|
  • पर्यावरण संरक्षण बढ़ाना|
  • डिजिटल सिस्टम को मजबूत बनाना|
  • सरकारी संस्थानों को आधुनिक बनाना|

बताया जा रहा हैं कि आने वाले समय में और भी विभागों में ऐसे निर्देश लागू किए जा सकते हैं|

निष्कर्ष:-

मोदी सरकार की तरफ से जारी यह नया निर्देश फ़िलहाल सरकारी बैंको और वित्तीय संस्थानों के लिए हैं| इसमें यात्रा कम करने, ऑनलाइन काम बढ़ाने और खर्चो में कटौती करने पर जोर दिया गया हैं| इसे “लॉकडाउन जैसा आदेश” जरुर कहा जा रहा हैं, लेकिन आम जनता के लिए किसी तरह का लॉकडाउन लागू नही किया गया हैं|

लोगो को सोशल मीडिया पर वायरल हो रही भ्रामक खबरों से बचना चाहिए और सही जानकारी के लिए आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करना चाहिए|

 

 

 

 

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